विधायक डॉ. लालाराम बैरवा ने विधानसभा में उठाया अवैध मेसेनरी स्टोन खनन का मुद्दा; भू-माफियाओं में हड़कंप
✍️ *मोनू सुरेश छीपा।द वॉयस ऑफ राजस्थान 9667171141*
शाहपुरा। शाहपुरा-बनेड़ा विधानसभा क्षेत्र में बेखौफ चल रहे अवैध मेसेनरी स्टोन खनन का मामला अब राजस्थान विधानसभा की दहलीज तक पहुंच गया है। क्षेत्रीय विधायक डॉ. लालाराम बैरवा ने नियम 295 के तहत विशेष उल्लेख प्रस्ताव के जरिए इस गंभीर समस्या को सदन के पटल पर रखा और सरकार से भू-माफियाओं के खिलाफ कड़े कदम उठाने की मांग की।
इन क्षेत्रों में हो रहा है नियमों का उल्लंघन
विधायक डॉ. बैरवा ने सदन को बताया कि उपखंड बनेड़ा और शाहपुरा के कई गांवों में खनन माफिया सक्रिय हैं। उन्होंने मुख्य रूप से निम्नलिखित क्षेत्रों का उल्लेख किया:
- बनेड़ा उपखंड: ग्राम लापिया, बरण, सुल्तानगढ़, चमनपुरा, रनिंगपुरा और कंकोलिया।
- शाहपुरा उपखंड: ग्राम खामोर, बहका खेड़ा और आसपास की पहाड़ियां।
डॉ. बैरवा ने स्पष्ट किया कि इन क्षेत्रों में न केवल स्वीकृत लीज क्षेत्र के बाहर अवैध खनन हो रहा है, बल्कि कुछ लीज धारक अपनी निर्धारित सीमा को लांघकर पहाड़ियों का सीना छलनी कर रहे हैं।
राजस्व और पर्यावरण को भारी क्षति
सदन में अपनी बात रखते हुए विधायक ने कहा कि इस अनियंत्रित दोहन से राज्य सरकार को करोड़ों रुपये के राजस्व की हानि हो रही है। साथ ही, प्राकृतिक संपदा और पहाड़ियों के नष्ट होने से स्थानीय पर्यावरण पर भी बुरा असर पड़ रहा है, जिससे क्षेत्रवासियों में गहरा रोष व्याप्त है।
विधायक डॉ. लालाराम बैरवा की प्रमुख मांगें:
विधानसभा में चर्चा के दौरान विधायक ने सरकार के सामने चार प्रमुख मांगें रखीं:
- तत्काल रोक: क्षेत्र में चल रहे अवैध खनन पर तुरंत प्रभाव से प्रतिबंध लगाया जाए।
- सख्त कार्रवाई: अवैध खनन में लिप्त भू-माफियाओं और दोषियों पर कठोर कानूनी शिकंजा कसा जाए।
- राजस्व वसूली: अब तक हुए राजस्व नुकसान का आकलन कर उसकी वसूली दोषियों से की जाए।
- प्रकृति संरक्षण: क्षेत्र की पहाड़ियों और भूमि को बचाने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएं।
निष्कर्ष:
विधायक डॉ. लालाराम बैरवा द्वारा विधानसभा में इस मुद्दे को उठाने के बाद अब उम्मीद जताई जा रही है कि प्रशासन हरकत में आएगा और शाहपुरा-बनेड़ा क्षेत्र में अवैध रूप से चल रहे पत्थर के कारोबार पर लगाम लगेगी।


