*सावधान! यहाँ सड़क पर बिछा है ‘जाल’, जलदाय विभाग की सुस्ती कहीं ले न ले किसी की जान*
*लीकेज ठीक कर गड्ढा भरना भूला जलदाय विभाग, राहगीर और स्कूली बच्चे खतरे में*
✍️ *मोनू सुरेश छीपा।द वॉयस ऑफ राजस्थान 9667171141*
भीलवाड़ा। शहर के व्यस्ततम मार्ग पर जलदाय विभाग की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है, जो किसी भी वक्त बड़े हादसे का कारण बन सकती है। विभाग के कर्मचारियों ने पाइपलाइन का लीकेज ठीक करने के लिए सड़क के बीचों-बीच गड्ढा तो खोदा, लेकिन काम पूरा होने के बाद उसे दुरुस्त करना भूल गए। सड़क पर खुला यह गड्ढा अब आमजन के लिए ‘काल’ बनकर खड़ा है।
हजारों वाहनों की आवाजाही, खतरे में स्कूली बच्चे
जिस स्थान पर यह गड्ढा छोड़ा गया है, वहाँ से प्रतिदिन हजारों वाहनों का गुजरना होता है। इसी रास्ते से बड़ी संख्या में स्कूल और कॉलेज जाने वाले छात्र-छात्राएं भी निकलते हैं। गड्ढे की गहराई और स्थिति ऐसी है कि दोपहिया वाहन चालक, विशेषकर रात के अंधेरे में, इसमें गिरकर गंभीर रूप से चोटिल हो सकते हैं।
हादसा हुआ तो जिम्मेदार कौन?
स्थानीय निवासियों का कहना है कि लीकेज निकालने के बाद गड्ढे को मिट्टी डालकर खानापूर्ति कर दी गई, जो अब धंस चुकी है। लोगों का सवाल है कि “अगर इस गड्ढे की वजह से कोई बड़ी दुर्घटना होती है या किसी की जान जाती है, तो इसका जिम्मेदार कौन होगा?” विभाग की इस कार्यशैली से जनता में भारी रोष है।
अधिकारियों की चुप्पी और जनता की मुसीबत
प्रशासनिक दावों के उलट, धरातल पर विभाग की यह सुस्ती साफ दिखाई दे रही है। व्यस्त सड़क पर इस तरह के गड्ढे छोड़ना न केवल यातायात को बाधित करता है, बल्कि सुरक्षा मानकों की भी खुलेआम धज्जियां उड़ाता है। राहगीरों ने मांग की है कि किसी अनहोनी से पहले इस गड्ढे को पक्का कर सड़क को पूर्ववत किया जाए।


