खारी का लाम्बा में मुख्यमंत्री का दौरा ऐतिहासिक रहा, प्रातः भ्रमण, जनसंवाद व कई सौगातें मिलीं
– रात्रि विश्राम के बाद मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों से किया सीधा संवाद
– कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य और खेल सुविधाओं के विस्तार की घोषणाओं पर तत्काल कार्रवाई
गुलाबपुरा, 6 जून (रामकिशन वैष्णव)। राजस्थान के मुख्यमंत्री का खारी का लाम्बा गांव का दो दिवसीय दौरा ऐतिहासिक साबित हुआ। मुख्यमंत्री ने ग्राम विकास चौपाल, जनसंवाद, प्रातः भ्रमण, योगाभ्यास तथा विभिन्न विकास कार्यों की घोषणाओं के माध्यम से ग्रामीणों का दिल जीत लिया। उनकी घोषणाओं पर त्वरित कार्रवाई करते हुए शनिवार सुबह ही कई महत्वपूर्ण आदेश जारी कर दिए गए।
ग्राम विकास चौपाल में मुख्यमंत्री ने राजीविका समूह से जुड़ी महिलाओं से संवाद कर उनके कार्यों एवं आय के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने ग्राम पंचायत की सरपंच प्रशासक दिव्य कुमारी राठौड़ की कम आयु में सरपंच बनने तथा गांव में कराए गए विकास कार्यों की सराहना की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने लगभग 20 वर्ष पूर्व अपने चाचा के पास खारी का लाम्बा आने की स्मृतियां भी साझा कीं।
मुख्यमंत्री ने किसानों, महिलाओं एवं ग्रामीणों से खुलकर संवाद किया तथा उनकी समस्याओं और सुझावों को सुना। गांव की 107 वर्षीय कुमकुम देवी एवं 102 वर्षीय ओंकार तेली ने मुख्यमंत्री को आशीर्वाद प्रदान किया। मुख्यमंत्री ने दोनों बुजुर्गों से उनके स्वास्थ्य, दिनचर्या एवं जीवन अनुभवों के बारे में भी जानकारी ली।
शनिवार सुबह मुख्यमंत्री ने गांव में प्रातः भ्रमण किया। इस दौरान वे घर-घर पहुंचे, ग्रामीणों का हालचाल जाना तथा बच्चों को चॉकलेट वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने रघुनाथ मंदिर एवं हनुमान मंदिर में दर्शन किए तथा फूलसागर तालाब के किनारे योगाभ्यास कर रहे युवाओं के साथ योग किया। मुख्यमंत्री ने स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश देते हुए तालाब के सौंदर्यीकरण के लिए श्रमदान को बढ़ावा देने के निर्देश भी दिए। उन्होंने शीशम का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
प्रातः भ्रमण के बाद मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ चाय पर चर्चा करते हुए गांव की आवश्यकताओं एवं विकास योजनाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया। ग्रामीणों की मांगों पर संवेदनशीलता दिखाते हुए उन्होंने उप स्वास्थ्य केंद्र को क्रमोन्नत कर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बनाने तथा खेल मैदान विकसित करने की घोषणा की।
उल्लेखनीय है कि शुक्रवार रात आयोजित ग्राम विकास चौपाल में मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणाओं पर तत्काल कार्रवाई करते हुए शनिवार सुबह नए कृषि पर्यवेक्षक मुख्यालय की स्थापना, कृषि पर्यवेक्षक पद के सृजन तथा राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में अतिरिक्त विज्ञान (जीव विज्ञान) एवं कृषि विज्ञान संकाय प्रारंभ करने के आदेश ग्रामीणों को प्राप्त हो गए।
घोषणाओं के त्वरित क्रियान्वयन से ग्रामीणों में उत्साह का माहौल रहा। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पहली बार किसी मुख्यमंत्री ने गांव में रात्रि विश्राम कर उनकी समस्याओं को न केवल सुना बल्कि समाधान की दिशा में तुरंत प्रभावी कदम भी उठाए।
इस दौरान उपमुख्यमंत्री , विधायक , लालाराम बैरवा, गोपीचंद मीणा, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रशांत मेवाड़ा, पुलिस महानिरीक्षक , संभागीय आयुक्त , जिला कलेक्टर , पुलिस अधीक्षक सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।
— रामकिशन वैष्णव, गुलाबपुरा


