जलझूलनी महोत्सव व विराट शोभायात्रा 3 को
शाही लवाजमे के साथ जल-झूलने निकलेंगे ठाकुरजी
✍️ *मोनू एस.छीपा।द वॉयस ऑफ राजस्थान 9667171141*
शाहपुरा,31सितंबर25
प्रतिवर्ष की भांति श्रीचारभुजानाथ भक्त मंडल व नगर पालिका के संयुक्त तत्वाधान में 3 सितंबर बुधवार को जलझूलनी एकादशी महोत्सव धूमधाम से मनाया जायेगा। इस मौके पर भगवान के बेवाणों की सामूहिक शोभायात्रा शाही लवाजमे के साथ निकाली जाएगी। विदित हो कि विगत कई वर्षों से इस विराट आयोजन शहर में भव्य रूप से आयोजित किया जा रहा है। हर वर्ष नए नए प्रारूपों, नई नई जीवंत झांकियों के साथ नगर के सभी मंदिरों के बेवाणों की सामूहिक शोभायात्रा शाही लवाजमे के साथ निकाली जाती है। इस शोभायात्रा में शामिल होने तथा देखने जिले वे अन्य क्षेत्रों से भी सैंकड़ो श्रद्धालु आते है।
प्रति वर्ष की भांति इस बार जलझूलनी एकादशी 3सितंबर बुधवार को नगर के सभी मंदिरों से ठाकुरजी के सजेधजे बेवाण महलों के चौक में एकत्रित होंगे। वहां से अपराह्न 3बजे से राजसमंद के प्रसिद्ध बैंडबाज़ों, मन्दसौरी ढोलों, शंख ध्वनि के साथ, नगाड़ों शहनाइयो के साथ ठाकुरजी की शोभायात्रा निकाली जाएगी। शोभायात्रा के दौरान कोटा के कला मंडल की ओर से गरुड़जी की झांकी, शिव-नन्दी, नृसिंह भगवान, राधा-कृष्ण के संग बरसाने की गोपियां का रास, अघोरी नृत्य की प्रस्तुतियों के साथ डमरू नृत्य व आरती की प्रस्तुति दी जाएगी। शोभायात्रा पर पुष्प वर्षा करते हुए इलेक्ट्रिक फव्वारों से इत्र छिड़का जाएगा।
सभी बेवाण सदर बाजार, त्रिमूर्ति चौराहा होते हुए पिवनियां तालाब पर पहुंचने पर सरोवर की तट पर पुजारियों द्वारा भगवान के बेवाणों को जल विहार करवाया जाएगा। भगवान के बेवाणों की सामूहिक महाआरती उतारी जाएगी। इस दौरान सरोवर के बीच बने प्राकृतिक टापू बगरू से समिति व नगर परिषद के सहयोग से भव्य आतिशबाजी की जाएगी। महाआरती पश्चात भगवान के बेवाण पुनः अपने मन्दिरों की ओर प्रस्थान करेंगे। उक्त कार्यक्रम को लेकर श्रद्धालुओं द्वारा मंदिर को दुल्हन की तरह सजाया जा रहा है, वही नगर परिषद प्रशासन द्वारा शोभायात्रा मार्ग में तोरण द्वार लगाकर रंग बिरंगी सजावट की जा रही हैं।


