शाहपुरा में खाद्य सुरक्षा योजना का बुरा हाल; ठेकेदार की लापरवाही से अटका 3 माह का राशन, पार्षद ने उठाई आवाज
✍️ *मोनू सुरेश छीपा।द वॉयस ऑफ राजस्थान 9667171141*
शाहपुरा (8 मई):
राजस्थान सरकार द्वारा खाद्य सुरक्षा योजना (NFSA) के पात्र परिवारों को एक साथ तीन माह का राशन गेहूं उपलब्ध कराने की घोषणा, शाहपुरा नगर पालिका क्षेत्र में धरातल पर उतरती नहीं दिख रही है। ‘द वॉयस ऑफ राजस्थान’ के संपादक मोनू सुरेश छीपा की रिपोर्ट के अनुसार, परिवहन ठेकेदार की गंभीर लापरवाही के चलते अब तक किसी भी राशन डीलर के पास गेहूं का स्टॉक नहीं पहुंचा है।
पार्षद स्वराज सिंह ने SDM को सौंपा पत्र
इस गंभीर समस्या को देखते हुए पार्षद स्वराज सिंह ने उपखंड अधिकारी (SDM) भारत सिंह राणावत को पत्र लिखकर वास्तविक स्थिति से अवगत कराया है। पार्षद ने बताया कि आधा मई का महीना बीत जाने के बावजूद अभी तक पात्र व्यक्तियों को राशन उपलब्ध नहीं हो पाया है, जिससे आम जनता में भ्रांतियां और रोष फैल रहा है।
भीषण गर्मी और भारी भीड़ की आशंका
पार्षद स्वराज सिंह ने पत्र में उल्लेख किया कि वर्तमान में पारा 45 डिग्री के पार है। सरकार के आदेशानुसार एक साथ तीन माह का राशन दिया जाना है, जिसमें पोस मशीन पर प्रति व्यक्ति 10 से 15 मिनट का समय लगता है। यदि राशन पहुंचने में और देरी हुई, तो राशन की दुकानों पर भारी भीड़ उमड़ेगी, जो इस भीषण गर्मी में वृद्धों, महिलाओं और बच्चों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है।
आंकड़ों में समस्या:
- कुल डीलर: नगर पालिका क्षेत्र में कुल 10 राशन डीलर हैं।
- गेहूं की मात्रा: प्रत्येक डीलर के पास प्रतिमाह लगभग 7,000 किलो गेहूं पहुंचता है।
- कुल बकाया: दो से तीन माह का स्टॉक मिलाकर लगभग 14,000 से 21,000 किलो गेहूं प्रत्येक दुकान तक पहुंचना अभी बाकी है।
जल्द आपूर्ति की मांग
पार्षद ने मांग की है कि सभी 10 डीलरों के पास तत्काल प्रभाव से गेहूं का स्टॉक भिजवाया जाए ताकि लोग सुबह की ठंडी बेला में अपना राशन प्राप्त कर सकें और दुकानों पर अनावश्यक भीड़ जमा न हो।


