भीलवाड़ा: बाबा शेवाराम साहेब का 42वां वर्सी उत्सव 9 अप्रैल को, उमड़ेगी श्रद्धा
✍️ *मोनू सुरेश छीपा।द वॉयस ऑफ राजस्थान 9667171141*
भीलवाड़ा।
हरिशेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर, भीलवाड़ा के आराध्य सतगुरु बाबा शेवाराम साहेब जी का 42वां वार्षिक वर्सी उत्सव आगामी 9 अप्रैल, गुरुवार को हर्षोल्लास और भक्तिभाव के साथ मनाया जाएगा। आश्रम में आयोजित होने वाले इस भव्य कार्यक्रम का समय सायंकाल 5:30 बजे से रात्रि 8:30 बजे तक निर्धारित किया गया है।
महामण्डलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन का रहेगा सानिध्य
संत गोबिंद राम ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि सेवा और सुमिरन की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए, महामण्डलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन के पावन सानिध्य में विशेष आयोजन होंगे। इस दौरान सतगुरुओं का गुणगान, मधुर भजन और सत्संग का प्रवाह बहेगा। उत्सव के उपलक्ष्य में नगर की विभिन्न बस्तियों में अन्न क्षेत्र के माध्यम से सेवा कार्य किए जाएंगे।
विशेष श्रृंगार और धार्मिक अनुष्ठान
वर्सी उत्सव के अवसर पर सतगुरुओं की समाधि और आसन साहेब का फूलों से विशेष श्रृंगार किया जाएगा। कार्यक्रम की शुरुआत में हवन, पूजन-अर्चन और श्री हरि सिद्धेश्वर मंदिर में विशेष अभिषेक सहित कई धार्मिक गतिविधियां संपन्न होंगी। शाम को संतों और महापुरुषों के प्रवचन होंगे, जिसके बाद अरदास और प्रार्थना कर विशाल भंडारा प्रसादी का वितरण किया जाएगा।
बाबा शेवाराम साहेब का सेवा पथ
उल्लेखनीय है कि बाबा शेवाराम साहेब ने अखंड भारत के सिंध प्रांत से विभाजन के पश्चात भीलवाड़ा को अपनी कर्मस्थली बनाया था। उन्होंने ‘यथा नाम तथा गुण’ को चरितार्थ करते हुए अपने गुरुओं के वचनों का पालन किया और आजीवन मानवता की सेवा की। साथ ही, सत्संग और भजन के माध्यम से सनातन धर्म का प्रचार-प्रसार किया।
स्वामी जी ने सभी श्रद्धालुओं से इस वार्षिक वर्सी उत्सव में शामिल होकर धर्म लाभ लेने की अपील की है। उन्होंने बाबा शेवाराम साहेब के मूल मंत्र “सुख चाही सेवा करो – सुख चाहो सिमरन करो” को जीवन में उतारने का संदेश भी दिया।


