भव्य कलश यात्रा से हुआ राष्ट्र शौर्य समृद्धि गायत्री महायज्ञ का शुभारंभ, 1100 से अधिक मातृ शक्ति की उपस्थिति में हुआ ऐतिहासिक आयोजन
*बनेड़ा (( KK Bhandari ))*
बनेड़ा कस्बे में ’24 कुंडीय राष्ट्र शौर्य समृद्धि गायत्री महायज्ञ का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा से हुआ जिसमें स्थानीय के साथ ही आसपास और बाहर से भी अनेक श्रद्धालुओं ने भाग लिया ।
*1100 से भी अधिक मातृ शक्ति द्वारा निकाली गई कलश यात्रा:*
👉आयोजन समिति के देवेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि इस भव्य कार्यक्रम का आगाज़ 28 दिसंबर रविवार को सुबह 9:00 बजे भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ जिसमें 1100 से अधिक महिलाएँ पीत वस्त्र धारण कर मंगल कलश धारण कर लगभग 3000 महिलाओं और पुरुषों के साथ कस्बे के मुख्य मार्गों से गुजरी। भारी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने इस कलश यात्रा को जिले की ऐतिहासिक कलश यात्रा बनाया ।
यह यात्रा मोगरिया धर्मशाला पुराना बस स्टैंड से आरंभ हुई जो सदर बाजार, चोखी बावड़ी, घाटी सीताराम जी मन्दिर, अजमेरी गेट, माली मोहल्ला, रैगर मोहल्ला, पुराना बस स्टैंड, नया बस स्टैंड होती हुई लक्ष्मी भवन में संपन्न हुई ।
इस शोभायात्रा में राजाधिराज गोपाल चरण सिसोदिया के साथ ही प्रबुद्ध नागरिक और धर्म प्रेमी बंधु उपस्थित रहे ।
इस यात्रा की भव्यता इसी थी कि जहा तक नजर पड़ रही वहा तक पीले वस्त्रों मे कलश धारण महिलाये नजर आ रही थी। पूरा शहर संगीतमय गायत्री मंत्र के साथ आध्यात्मिक हो चुका था। जगह-जगह ग्रामवासियों द्वारा पुष्प वर्षा की गई एवं आसपास के गांव से हजारों की संख्या मे महिला पुरुष आये एवं कलश यात्रा में बनेड़ा राजाधिराज पूरी कलश यात्रा में आगे आगे पैदल चले तथा 11 गणमान्य व्यक्तियों ने सद्ग्रंथ धारण किया ।
कलश यात्रा में कन्याएं महापुरुषों की वेशभूषा में विशेष झांकी में बैठी थी तथा शांतिकुंज से पधारी विद्वान टोली का स्वागत राजाधिराज गोपाल चरण सिसोदिया और श्रीकांत व्यास, राजाधिराज गोपाल चरण सिसोदिया सहित गायत्री परिवार के पदाधिकारियों द्वारा किया गया ।
सायंकाल को आयोजित संगीतमय प्रवचन में हरिद्वार के विद्वानों ने लोक शिक्षण पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। आयोजन के पहले दिन कस्बे में भारी उत्साह देखा गया। कार्यक्रम के अंत में अखिल विश्व गायत्री परिवार की गतिविधियों, दीक्षा तथा संस्कार के बारे में जानकारी दी गई ।
बनेड़ा थाना अधिकारी बछराज धायल अपनी पूरी टीम के साथ संपूर्ण शोभा यात्रा में मजबूती से डटे रहे और शांति व्यवस्था बनाए रखी ।
*निशुल्क यज्ञ और विशेष संस्कार:*
👉महायज्ञ के दौरान 29 से 31 दिसंबर तक प्रतिदिन प्रातः 6:00 बजे: सामूहिक योग एवं प्राणायाम शिविर का आयोजन होगा । प्रातः 8:30 से 11:30 बजे: 24 कुंडीय गायत्री महायज्ञ में मंत्रोच्चार के साथ आहुतियां दी जाएगी ।
वहीं यज्ञ के दौरान विभिन्न संस्कार (जैसे नामकरण, मुंडन आदि) कराए जाएंगे। विशेष रूप से गर्भवती माताओं के लिए ‘पुंसवन संस्कार’ (संस्कारवान पीढ़ी हेतु) का निशुल्क आयोजन होगा। इस संस्कार में गर्भस्थ शिशु के पूर्व जन्म के कुसंस्कारों को दूर किया जाता है और संस्कारवान संतान के लिए माता को विशेष प्रशिक्षण दिया जाता है।
सायं 6:00 बजे: प्रतिदिन संगीतमय प्रवचन का आयोजन होगा, जिसमें अनुभवी विद्वानों द्वारा जीवन जीने की कला और आध्यात्मिक विषयों पर मार्गदर्शन दिया जाएगा।
आयोजक मंडल ने स्पष्ट किया है कि यह संपूर्ण कार्यक्रम जनहित में पूर्णतः निशुल्क रखा गया है।


