गुंदली में एसएमसी व एसडीएमसी सदस्यों का दो दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न
विद्यालय विकास में एसएमसी-एसडीएमसी की भूमिका अहम – केआरपी महेश मंडोवरा
✍️ *मोनू सुरेश छीपा।द वॉयस ऑफ राजस्थान 9667171141*
गुंदली | 7 जनवरी
राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय गुंदली में एसएमसी एवं एसडीएमसी सदस्यों में जागरूकता बढ़ाने तथा उनकी कार्यक्षमता सुदृढ़ करने के उद्देश्य से दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ग्राम पंचायत गुंदली के प्रशासक शंभूलाल गुर्जर रहे।
विद्यालय के प्रधानाचार्य नेमीचंद खारीवाल ने उद्घाटन सत्र में सभी प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए प्रशिक्षण की उपादेयता पर प्रकाश डाला। उन्होंने एसएमसी व एसडीएमसी कार्यकारिणी सदस्यों को विद्यालय और समुदाय के बीच एक महत्वपूर्ण सेतु बताते हुए विद्यालय विकास में उनकी सक्रिय भूमिका को आवश्यक बताया।
प्रशिक्षण सत्र में केआरपी महेश मंडोवरा ने पंचायत क्षेत्र अंतर्गत समस्त विद्यालयों के एसएमसी व एसडीएमसी कार्यकारिणी सदस्यों को उनके अधिकारों एवं कर्तव्यों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने नामांकन, ठहराव एवं उपस्थिति बढ़ाने, सामुदायिक जागरूकता कार्यक्रम, विद्यालय विकास में सहभागिता, शिक्षा का अधिकार अधिनियम, समग्र शिक्षा की गतिविधियाँ, मिड-डे-मील योजना, बाल अधिकार, बाल सभा, हरित पाठशाला कार्यक्रम, अक्षय पेटिका, समावेशी शिक्षा, अभिभावक-शिक्षक संवाद, विद्यालय योजना निर्माण, जनसहयोग, सामाजिक अंकेक्षण, आपदा प्रबंधन तथा विद्यालय विकास योजना जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से प्रशिक्षण दिया।
प्रशिक्षण में जुलेखा मसरत बानू, सुनीता मिश्रा, सुशीला बघेरवाल, रामेश्वर लाल धोबी, ऋचा यादव, दिनेश गाडरी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम की व्यवस्थाओं में रतन कंवर राठौड़, स्नेहलता नुवाल एवं अंकिता जोशी का विशेष योगदान रहा। अंत में उप-प्रधानाचार्य जुलेखा मसरत बानू ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।
— मोनू सुरेश छीपा


